इंदौर. महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर मद्य निषेध सप्ताह की शुरूआत की गई। पहले दिन रैली निकालकर नशामुक्ति हेतु नागरिकों को जागरूक किया गया। इस सप्ताह का मुख्य उद्देश्य समाज में बढ़ती हुई मद्यपान और नशीली दवाओं के दुष्परिणामों के प्रति युवाओं, विद्यार्थियों और आमजन को जागरूक करना है।
8 अक्टूबर तक जनजागरूकता के विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जायेगा, जिनमें शपथ ग्रहण कार्यक्रम और नशामुक्ति रैलियों का आयोजन, नगर पालिका, नगर परिषद, और वार्ड स्तर पर भी जन-प्रतिनिधियों की उपस्थिति में नशामुक्ति के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए सामूहिक शपथ ग्रहण कार्यक्रम आयोजित किए जायेंगे।
नशामुक्त भारत अभियान के तहत सामाजिक न्याय व दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग इंदौर मद्यनिषेध सप्ताह शुरू किया गया। रैली निकालकर इस मद्य निषेध सप्ताह की शुरूआत प गई। नारकोटिक्स विभाग, नशामुक्ति के क्षेत्र में कार्यरत संस्थाओं के साथ संयुक्त रूप से नशा मुक्ति रैली का आयोजन राजवाड़ा पर किया गया और नागरिकों को नशामुक्ति के लिए जनजागरूक कर लोगों से नशा मुक्ति प्रतिज्ञा पर हस्ताक्षर करवाए गए।
इस आयोजन में कई सामाजिक संस्थाओं के लगभग 300 प्रतिनिधियों ने भाग लिया। रैली का शुभारंभ सामाजिक न्याय विभाग की संयुक्त संचालक सुचिता तिर्की व नारकोटिक्स विंग डीएसपी संतोष हाडा द्वारा हरी झंडी दिखाकर किया गया। सप्ताह के दौरान गुरूवार 3 को जिले के हाई स्कूलों, हायर सेकेंडरी स्कूलों, और महाविद्यालयों में निबंध लेखन और वाद-विवाद प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा।
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