कई इलाकों में चक्का जाम, नगर निगम पर उठे सवाल
इंदौर। देश का सबसे स्वच्छ शहर कहलाने वाला इंदौर इन दिनों भीषण जल संकट से जूझ रहा है। शहर के कई इलाकों में पानी की सप्लाई बाधित होने से लोगों का गुस्सा अब सड़कों पर दिखाई देने लगा है। रविवार को शहर के अलग-अलग हिस्सों में रहवासियों ने प्रदर्शन करते हुए चक्का जाम किया, जिससे यातायात व्यवस्था भी बुरी तरह प्रभावित हुई।
बताया जा रहा है कि कई कॉलोनियों में पिछले कई दिनों से नियमित पानी सप्लाई नहीं हो पा रही है। सुबह से ही टैंकरों का इंतजार कर रहे लोगों ने जब समस्या का समाधान नहीं देखा तो स्थानीय जनप्रतिनिधियों के साथ सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। कई प्रमुख चौराहों पर जाम की स्थिति बन गई, जिससे राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
इस पूरे मामले में नगर निगम की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं। विपक्ष ने आरोप लगाया है कि पानी की पाइपलाइन डायवर्ट किए जाने के कारण कई क्षेत्रों में सप्लाई प्रभावित हुई है। मामले को लेकर महापौर के इस्तीफे की मांग भी उठाई गई है।
इधर नगर निगम ने जल संकट से निपटने के लिए अवैध मोटर पंप जब्त करने और नियमों का उल्लंघन करने वाले टैंकर संचालकों पर कार्रवाई शुरू कर दी है। निगम अधिकारियों का कहना है कि पानी की उपलब्धता को संतुलित करने के लिए लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है।
शहर में बढ़ते ट्रैफिक और अव्यवस्थित यातायात को लेकर भी लोग लगातार चिंता जता रहे हैं। सोशल मीडिया और स्थानीय चर्चाओं में नागरिकों ने खराब ट्रैफिक मैनेजमेंट, गलत दिशा में वाहन चलाने और अधूरे सड़क निर्माण कार्यों को लेकर नाराजगी व्यक्त की है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि इंदौर की पहचान सिर्फ स्वच्छता से नहीं, बल्कि बेहतर नागरिक सुविधाओं से भी होनी चाहिए। यदि जल्द समाधान नहीं निकला तो आने वाले दिनों में आंदोलन और तेज हो सकता है।
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