इंदौर. प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस श्री अटल बिहारी वाजपेयी शासकीय कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय (जीएसीसी) में दो दिवसीय सेमिनार का आयोजन किया गया, जिसका मुख्य उद्देश्य प्राचार्यों व लेखापालों की क्षमता का संवर्धन करना है. कार्यक्रम में विशेषज्ञो द्वारा वित्तीय शक्ति भंडार क्रय व वित्तीय प्रबंधन, एकीकृत वित्तीय प्रबंधन एवं सूचना प्रणाली, गर्वमेंट ई-मार्केट पोर्टल विषय पर विस्तृत जानकारी दी गई।
पेशनर अधिकारी टीएस बघेल ने पेंशन प्रक्रिया से संबंधी जानकारी देते हुए बताया कि आप सभी सेवानिवृत्ति के दो साल पूर्व से ही सारी कार्रवाई शुरू कर दे ताकि सेवानिवृत्ति के समय कोई समस्या न आए। उन्होंने प्राचार्ये को सलाह देते हुए कहा महाविद्यालय में वित्तीय नियंत्रण रखने के लिए लॉगिग पासवर्ड, युजरनेम, ओटीपी किसी अन्य कर्मचारी से शेयर न करें। इसके साथ ही उन्होंने ई-प्रोफाईल को अपडेट रखने और उसके निर्माण संबंधी जानकारी दी।

भंडार क्रय और वित्तीय शक्तियों की जानकारी देते हुए प्रो. आरसी दीक्षित ने शासकीय मद, रूसा मद, जनभागीदारी मद, विश्वबैंक परियोजना की मदों से प्राचार्यों की क्रय शक्तियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि क्रय करने के पूर्व संबंधित समिति का निर्माण कर उसकी अनुशंसा कर ले ताकि भविष्य में किसी प्रकार से होने वाली वित्तीय समस्या से बचा जा सकें। डीएन पुरोहित ने स्थापन, ऑडिट और केश बुक की आवश्यकता व कार्यप्रणाली पर प्रकाश डाला। डॉ. किरण दीवान ने गर्वमेंट ई मार्केट पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन व कार्यप्रणाली पर जोर दिया.

कार्यक्रम के दौरान डॉ. किरण बाला सलुजा, डॉ. सुरेश टी सिलावट, प्राचार्य डॉ. प्रकाश गर्ग व डॉ. आरसी दीक्षित आशा अग्रवाल, श्रद्धा मालवीय, महेश गुप्ता सहित कई लोग मौजूद रहे. संचालन डॉ. डीके गुप्ता ने किया।
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