इंदौर में ग्लोबल हैंडवॉशिंग डे 2025 पर “साफ हाथ-सेहत का साथ” अभियान के तहत बच्चों ने सीखी स्वच्छता की अहमियत
ग्लोबल हैंडवॉशिंग डे 2025 के अवसर पर बुधवार को इंदौर में साफ हाथ-सेहत का साथ थीम के तहत एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम स्लम बस्ती रघुनंदन बाग में हुआ, जिसमें नगर निगम आयुक्त दिलीप कुमार यादव मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
कार्यक्रम के दौरान यूनिसेफ एक्सपर्ट ने SUMAN-K पद्धति (S–सीधा, U–उल्टा, M–मुट्ठी, A–अंगूठा, N–नाखून, K–कलाई) के माध्यम से हाथ धोने की सही विधि का प्रदर्शन किया और उपस्थित बच्चों व लोगों को स्वच्छता के महत्व के बारे में बताया। विशेषज्ञों ने कहा कि नियमित रूप से सही तरीके से हाथ धोना बीमारियों से बचाव का सबसे आसान और प्रभावी तरीका है। उन्होंने हाथ धोने के पांच आवश्यक अवसरों पर इसे आदत बनाने की अपील की।
बच्चों ने मौके पर हैंडवॉश स्टेप्स का प्रदर्शन किया और लोगों को प्रेरित किया कि वे इस आदत को अपने दैनिक जीवन में अपनाएं। साथ ही आर.आर.आर. (Reduce, Reuse, Recycle) आइटम अवलोकन के अंतर्गत बच्चों द्वारा बनाई गई उपयोगी वस्तुओं का प्रदर्शन किया गया, जिससे स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम में ट्रिपल आर कलेक्शन ड्राइव के तहत एकत्रित सामग्री — जैसे बच्चों के कपड़े, महिलाओं की साड़ियां, बच्चियों के सूट, जूते-चप्पल, किताबें, साबुन और खिलौने — जरूरतमंदों में वितरित किए गए। इसके साथ “ये दिवाली आर.आर.आर. खुशियों वाली अभियान” के अंतर्गत अतिथियों ने बच्चों को मिठाई, चॉकलेट और अन्य सामग्री भेंट की, जिससे उनके चेहरों पर मुस्कान खिल उठी।
इस अवसर पर आयुक्त दिलीप कुमार यादव ने कहा कि स्वच्छता और स्वास्थ्य एक-दूसरे के पूरक हैं। साफ हाथ न केवल बीमारियों से रक्षा करते हैं, बल्कि “स्वच्छ इंदौर, स्वस्थ इंदौर” के लक्ष्य को भी मजबूत बनाते हैं। उन्होंने सभी से अपील की कि सही तरीके से हाथ धोने की आदत अपनाएं, ताकि शहर स्वच्छ और स्वस्थ दोनों बने।
कार्यक्रम में अपर आयुक्त रोहित सिसोनिया, अर्थ जैन, अभय राजनगांवकर, मनोज पाठक, स्वास्थ्य अधिकारी, अन्य अधिकारी, सफाईमित्र, यूनिसेफ टीम, एनसीसी कैडेट्स, रहवासी और बड़ी संख्या में बच्चे उपस्थित रहे।
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