इंदौर: राजबाड़ा और उसके आसपास के व्यस्त व्यावसायिक क्षेत्रों में यातायात की बदहाली पर अब प्रशासन ने सख्त रुख अपना लिया है। सड़कों और फुटपाथों पर हो रहे अतिक्रमण और गलत पार्किंग को हटाने के लिए डीसीपी राजेश त्रिपाठी खुद मैदान में उतरे। उन्होंने ट्रैफिक पुलिस बल के साथ मुख्य बाजारों का दौरा किया और लाउडस्पीकर के जरिए मुनादी करवाकर दुकानदारों व वाहन चालकों को चेतावनी दी।
डीसीपी ने दो टूक शब्दों में कहा कि अब समझाने का वक्त खत्म हो चुका है; अब सीधे दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
इन क्षेत्रों में शुरू हुआ विशेष अभियान
यातायात सुधार के लिए पुलिस ने शहर के इन प्रमुख हिस्सों पर फोकस किया है:
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सराफा और शक्कर बाजार
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सीतलामाता बाजार और गौराकुंड
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खजुरी बाजार और यशोदा माता मंदिर क्षेत्र
सफेद रेखा का उल्लंघन पड़ेगा भारी
पुलिस ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सड़क के दोनों किनारों पर खींची गई सफेद रेखा (White Line) ही लक्ष्मण रेखा है।
“सफेद रेखा के बाहर खड़ा कोई भी वाहन, चाहे वह किसी का भी हो, तुरंत चालानी कार्रवाई के दायरे में आएगा। नियम सबके लिए बराबर हैं।”
दुकानदारों की जिम्मेदारी तय
अभियान के दौरान दुकानदारों को भी सचेत किया गया। डीसीपी त्रिपाठी ने कहा कि दुकानदार अपनी दुकान के सामने अव्यवस्थित वाहन पार्क न होने दें। यदि कोई ग्राहक या व्यक्ति जबरन वाहन खड़ा करता है, तो दुकानदार पुलिस को सूचित करें। पुलिस मौके पर पहुंचकर कार्रवाई करेगी।
संवाद और सहभागिता पर जोर
इस अभियान को सफल बनाने के लिए व्यापारिक संगठनों को भी विश्वास में लिया गया है। दुकानदारों से चर्चा करते हुए डीसीपी ने कहा कि राजबाड़ा जैसे ऐतिहासिक और भीड़भाड़ वाले क्षेत्र को सुगम बनाना केवल पुलिस का काम नहीं है, इसमें व्यापारियों और आम जनता का सहयोग अनिवार्य है।
पुलिस का संदेश: यह अभियान रुकने वाला नहीं है। नियमों की अनदेखी करने वालों पर बिना किसी भेदभाव के लगातार कार्रवाई जारी रहेगी।
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